भारत विकास परिषद द्वारा वीर रस काव्य पाठ प्रतियोगिता का सफल आयोजन,
14 विद्यालयों के विद्यार्थियों ने दिखाई ओजस्वी प्रतिभा


सोनीपत,(अनिल जिंदल) 24 जुलाई। भारत विकास परिषद, सोनीपत द्वारा शुक्रवार को ऋषिकुल विद्या पीठ, सोनीपत में वीर रस काव्य पाठ प्रतियोगिता का भव्य आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों में राष्ट्रप्रेम, भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों एवं आत्मविश्वास का विकास करना तथा ओजस्वी काव्य के माध्यम से देशभक्ति की भावना को प्रोत्साहित करना था। प्रतियोगिता में शहर के लगभग 14 प्रतिष्ठित विद्यालयों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी प्रभावशाली प्रस्तुतियों से उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि एस.के. शर्मा एवं विशिष्ट अतिथि धीरज शर्मा द्वारा अन्य गणमान्य अतिथियों के साथ दीप प्रज्वलन कर किया गया।
प्रतियोगिता के जूनियर वर्ग में जानकीदास कपूर पब्लिक स्कूल की समारिया ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। ऋषिकुल वर्ल्ड अकादमी की कामाक्षी द्वितीय तथा शिवा शिक्षा सदन की नीलाक्षी तृतीय स्थान पर रहीं।
सीनियर वर्ग में ब्राइट स्कॉलर सीनियर सेकेंडरी स्कूल के शिविन ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। रुक्मणी देवी पब्लिक स्कूल की तनिष्ठा ने द्वितीय तथा शिवा शिक्षा सदन की जिज्ञासा ने तृतीय स्थान हासिल किया।
प्रतियोगिता का मूल्यांकन इंदु बाला, वरेंद्र एवं सुषमा दुडेजा ने निष्पक्ष एवं पारदर्शी ढंग से किया। निर्णायकों ने प्रतिभागियों की प्रस्तुति, उच्चारण, भावाभिव्यक्ति, मंच संचालन क्षमता एवं काव्य प्रस्तुति के प्रभाव को आधार बनाकर विजेताओं का चयन किया।
कार्यक्रम का प्रभावशाली मंच संचालन शारदा रहलान ने किया।
इस अवसर पर भारत विकास परिषद, सोनीपत के अध्यक्ष संजीव सरदाना, सचिव रंजना कुकरेजा, नीरज शर्मा, अरुण बंसल, दीपक शर्मा, शारदा रहलान, मंजू गर्ग, अर्चना कक्कड़, गीता, संजय अरोड़ा तथा ऋषिकुल विद्या पीठ के प्रधानाचार्य उमेश शर्मा सहित अनेक गणमान्य नागरिक एवं शिक्षाविद् उपस्थित रहे।
अपने संबोधन में वक्ताओं ने कहा कि वीर रस काव्य भारतीय संस्कृति की गौरवशाली परंपरा का महत्वपूर्ण अंग है। ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में राष्ट्रभक्ति, साहस, आत्मविश्वास तथा प्रभावशाली अभिव्यक्ति कौशल का विकास करते हैं। भारत विकास परिषद भविष्य में भी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास हेतु इस प्रकार की सांस्कृतिक एवं साहित्यिक प्रतियोगिताओं का आयोजन निरंतर करती रहेगी।
कार्यक्रम का समापन सभी विजेताओं एवं प्रतिभागियों को बधाई देते हुए तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाओं के साथ हुआ।



