सरकार की जनहितकारी योजनाओं के तहत भेजे जाने वाले आवेदनों को सभी बैंक दे प्राथमिकता – एडीसी अजय चोपड़ा
एडीसी कार्यालय के प्रगति हाॅल में आयोजित हुई डीएलआरएसी तथा डीसीसी की बैठक, सरकार की विभिन्न योजनओं के तहत किए गए लोन व लंबित कार्यो को लेकर करी गई समीक्षा


सोनीपत, 21 अगस्त। अतिरिक्त उपायुक्त अजय चोपड़ा ने कहा कि जरूरतमंद व्यक्ति बैंकों की सहायता से ऋण लेकर अपने जीवन स्तर को ऊंचा उठा सकें। इस दिशा में आगे बढ़ते हुए बैंकर्स संवेदनशीलता के साथ जरूरतमंदों को प्राथमिकता के आधार पर ऋण प्रदान करें। अतिरिक्त उपायुक्त कार्यालय के प्रगति हाॅल में शुक्रवार को 57वीं जिला स्तरीय ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान सलाहकार समिति (डीएलआरएसी) तथा जिला स्तरीय क्लियरेंस कमेटी (डीसीसी) की जून तिमाही की बैठक का आयोजन किया गया, जिसकी अध्यक्षता करते हुए अतिरिक्त उपायुक्त अजय चोपड़ा ने बैकों के अधिकारियों व प्रतिनिधियों को दिशा-निर्देश दिए।
बैठक में सीडी रेस्ओं, सरकार की विभिन्न योजनओं के तहत किए गए लोन व लंबित एप्लिकेशन पर विस्तार से समीक्षा करी गइ। उन्होंने सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं के तहत चिन्हित जरूतरमंदों के ऋण आवेदनों की गंभीरता से समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि लोक कल्याणकारी योजनाओं के अंतर्गत आने वाले आवेदनों को सकारात्मकता के साथ स्वीकृति दें। बैंकर्स को यहां प्राथमिकता देनी चाहिए ताकि लोगों को स्व-रोजगार स्थापना में मदद मिल सके। उन्होंने कहा कि ऋण से संबंधित जो आवेदन आपके पास भेजे जाते हैं उनपर प्राथमिकता से कार्य करें ताकि जरूरतमंद को समय पर ऋण मिल सके।
उन्होंने कहा कि बिना किसी ठोस कारण के कोई भी आवेदन लंबित नहीं रहना चाहिए। कड़ी चेतावनी देते हुए उन्होंने कहा कि निर्देशों की अवहेलना करने वालों के विरूद्घ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जरूरतमंद लोगों को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से उन्हें बैंकिंग सहायता के लिए प्रोत्साहित किया जाता है, ताकि उन्हें सस्ती दरों पर ऋण मिल सके।
उन्होंनें विभिन्न योजनाओं के तहत बैंकों को किये गये आवेदनों की गंभीरता से समीक्षा की। साथ ही उन्होंने कृषि क्षेत्र के अंतर्गत दिए जाने वाले ऋण आवेदनों की भी विस्तृत समीक्षा करते हुए कड़े दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं के तहत बैंकों को प्राथमिकता के आधार पर ऋण देना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (पीएनबी-आरसेटी) की भी समीक्षा करते हुए भी दिशा-निर्देश दिए।
बैठक में एलडीएम सुनीता व रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया, नाबार्ड के अधिकारियों सहित विभिन्न विभागों व बैंकों के अधिकारी/प्रतिनिधि मौजूद रहे।


